भोपाल: राजधानी भोपाल में 12वीं की छात्रा की अचानक मौत का मामला सामने आया है। बताया गया कि देहात थाना क्षेत्र स्थित ईटखेड़ी इलाके में छात्रा चूहा मारने की दवा गलती से खा ली थी। मौके पर पहुंची पुलिस ने छात्रा का शव पोस्टमार्टम कराने के बाद परिवार को सौंप दिया है। रिपोर्ट आने के बाद पुलिस जांच की बात कह रही है।
चूहा मार दवा को भभूत समझकर खा गई छात्रा
थाना प्रभारी आशीष सप्रे ने बताया की “12वीं की छात्रा नहाने के बाद पूजा करने गई थी, जहां पूजा-पाठ करने के बाद उसने चूहा मार दवा को भभूत समझकर खा लिया। कुछ देर में जब छात्रा की तबीयत बिगड़ी तो परिजन उसे लेकर भानपुर के प्राइवेट अस्पताल पहुंचे। जहां इलाज के बाद उसे छुट्टी दे दी गई। घर लौटने के बाद युवती की तबीयत दोबारा बिगड़ गई। इस बार उसे हमीदिया अस्पतला में भर्ती कराया गया।
12वीं क्लास में थी छात्रा
जहां इलाज के दौरान सोमवार सुबह छात्रा की मौत हो गई। जबकि घटना 26 जनवरी की थी। पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है।” वही जांच अधिकारी एसके वाजपेयी ने बताया कि “17 वर्षीय वैष्णवी सेनलांबाखेड़ा की रहने वाली थी। वह प्राइवेट स्कूल से 12वीं कक्षा की पढ़ाई कर रही थी। 26 जनवरी को घर में बने मंदिर में पूजा के बाद वैष्णवी की मां ने चूहा मार दवा रख दी थी, क्योंकि मंदिर में चूहे हो रहे थे। कुछ देर बाद छात्रा ने यहीं पूजा की और भभूत समझकर पाउडरनुमा चूहामार दवा को खा लिया।
दोबारा तबीयत बिगड़ने पर हमीदिया में कराया था भर्ती
इसके बाद छात्रा कोचिंग चली गई, तबीयत बिड़ने पर घर लौटी तो उल्टियां होने लगी। मां ने पूछा तो छात्रा ने बताया कि उसने मंदिर में रखी भभूत को खाया था, तब मां ने बताया कि वह भभूत नहीं चूहा मार दवा थी। इसके बाद छात्रा को भानपुर के निजी अस्पताल में लेकर गए। जहां इलाज के बाद उसे डिस्चार्ज दे दिया गया। कुछ दिन में तबीयत दोबारा बिगड़ी तो युवती को तीन दिन पहले हमीदिया अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। एसके वाजपेयी ने कहा कि पोस्टमार्टम के बाद पुलिस ने शव परिजनों को सौंप दिया है। छात्रा की 10 फरवरी से परीक्षा शुरू होने वाली थी।”
