जबलपुर। मप्र हाईकोर्ट में जस्टिस संदीप एन. भट्ट की एकलपीठ ने चाइना (बटनदार) चाकुओं की कथित सप्लाई के आरोपी को मामले की गंभीरता और जबलपुर शहर में बढ़ते चाकूबाजी के मामलों को देखते हुए अग्रिम जमानत देने से इनकार कर दिया।गुरुवार को राज्य शासन की ओर से अतिरिक्त महाधिवक्ता हरप्रीत सिंह रूपराह एवं पैनल अधिवक्ता हिमांशु तिवारी ने जमानत का कड़ा विरोध किया। उन्होंने कोर्ट को बताया कि जबलपुर में लगातार चाकूबाजी, हत्या के प्रयास और गुंडा टैक्स वसूली की घटनाएं बढ़ रही हैं, जिनमें बटनदार (चाइना) चाकुओं का इस्तेमाल हो रहा है।
रूपराह ने दलील दी कि Arms Act, 1959 की धारा 25 के तहत बटनदार चाकू रखना और बेचना प्रतिबंधित है। साथ ही राज्य शासन द्वारा भी चाइना चाकुओं पर रोक लगाई गई है। दलील सुनने के बाद कोर्ट ने माना कि बढ़ते अपराधों के मद्देनजर आरोपी को अग्रिम जमानत देना उचित नहीं होगा। अदालत के रुख के बाद आरोपी की ओर से अग्रिम जमानत अर्जी वापस ले ली गई।
उल्लेखनीय है कि मुकादमगंज स्थित विजय जनरल स्टोर के संचालक बेबू उर्फ भगवानदास कटारिया की ओर से अग्रिम जमानत अर्जी दाखिल की गई थी। उसके खिलाफ गढ़ा थाने में विभिन्न धाराओं के तहत अपराध दर्ज है। उसकी दुकान से कोई बटनदार चाकू जब्त नहीं हुआ।