सतना। जिले की उचेहरा जनपद पंचायत की ग्राम पंचायत भटनवारा में जल संकट को दूर करने के लिए ग्राम विकास मंच ने पंचायत के अधिकारियों से गोहार लगाई है। बताया गया कि ग्राम पंचायत क्षेत्र की आबादी इन दिनों पंचायत भवन के हैंडपंप पर आश्रित है। एक मात्र हैंडपंप होने के कारण लोगों को पानी के लिए लाइन में लंबा इंतजार करना पड़ता है। जल संकट को दूर करने के लिए ग्राम विकास मंच ने सोमवार को मंच के अध्यक्ष सुभाचल चौधरी एवं सचिव विकास सेन की अगुवाई में ग्राम रोजगार सहायक धीरज विश्वकर्मा को ज्ञापन दिया। बताते हैं कि यह ज्ञापन ग्राम प्रधान को देना था लेकिन वो उपलब्ध नहीं थे। ज्ञापन देते समय मंच के पदाधिकारियों के साथ महेंद्र यादव राज विश्वकर्मा आकाश सेन सुबोध यादव सोहेल खान अतुल सोनी बेटू चौधरी राहुल चौधरी ललित विश्वकर्मा एवं प्रवीण विश्वकर्मा आदि लोग मौजूद रहे। ज्ञापन के माध्यम से मांग की गई है कि सेमरी रोड गढी मोहल्ला के हैंडपंप में पाइप बढाए जाएं। नई बस्ती मेनरोड के बंद पड़े हैंडपंप को चालू कराया जाए और चौड़ा रोड पानी टंकी के नजदीक के बोर में नई मोटर डालकर इसे उपयोग में लाया जाए।
[ ये हैं मुख्य सचिव के निर्देश ]
मुख्य सचिव अनुराग जैन ने वीडियो कान्फ्रेंसिंग के माध्यम से ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्र में पेयजल समस्या के संबंध में समीक्षा करते हुए गत दिवस निर्देश दिये कि प्रशासनिक समन्वय बनाकर समस्याग्रस्त क्षेत्रों में इसका निराकरण करें। उन्होंने कहा कि कंट्रोल रूम स्थापित करते हुए कम्यूनिकेशन बनाकर कार्य करें। उन्होंने जिलों के कलेक्टर्स को निर्देशित किया कि वह प्रत्येक दिन पेयजल से संबंधित समस्या का रिव्यू करें। मुख्य सचिव ने कहा कि इस वर्ष गर्मी ज्यादा पड़ रही है और आने वाले एक माह तक ऐसी गर्मी की संभावना है। अतः पेयजल से संबंधित समस्या का निराकरण करने के लिए तत्परता बरतना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि सीएम हेल्पलाइन व अन्य माध्यमों से पेयजल से संबंधित प्राप्त शिकायतों को समय सीमा में निराकरण करायें तथा पेयजल से जुड़े अधिकारियों, कर्मचारियों के अवकाश प्रतिबंधित करें। मुख्य सचिव ने कहा कि शहरी क्षेत्रों में जहां टैंकर के माध्यम से पानी की सप्लाई की जा रही है उसके संबंध में जनप्रतिनिधियों को सूचना दें तथा इसका दुरूपयोग कदापि न हो। उन्होंने कहा कि जहां पानी की कमी हो वहां निजी जल स्त्रोत से पानी का उपयोग करें।
ग्रामीण क्षेत्रों में पंचायत व पीएचई विभाग की संयुक्त जिम्मेदारी है कि वह पेयजल व्यवस्था सुनिश्चित करायें। बसाहटवार मैपिंग करते हुए बिगड़े हैण्डपंपों के सुधार तथा राइजर पाइप बढ़ाने के कार्य को तत्परता से करने के निर्देश वीडियो कान्फ्रेंसिंग में दिये गये। पंचायतों के पास उपलब्ध धन राशि का उपयोग पेयजल कार्य में किये जाने की बात इस दौरान कही गई। उन्होंने कहा कि यह सुनिश्चित करें कि नल जल योजनाओं के बिजली के कनेक्शन न कटे और सिंगल फेज टयूबबेल की व्यवस्था सुचारू रूप से रहे। उन्होंने पेयजल के संबंध में संभागीय कमिश्नर को भी नियमित तौर पर रिव्यू करने के निर्देश दिये। वीडियो कान्फ्रेंसिंग में सतना के एनआईसी कक्ष में कलेक्टर डॉ. सतीश कुमार एस, आयुक्त नगर निगम शेर सिंह मीना, सीईओ जिला पंचायत शैलेन्द्र सिंह, डिप्टी कलेक्टर संदीप परस्ते, सीएमओ सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित थे।